70 लाख के बोगस ITC मामले में आरोपी गिरफ्तार, SIT की कार्रवाई से खुल सकते हैं बड़े नेटवर्क के राज

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AKD।गिरीश तिवारी

डाला/सोनभद्र। जनपद में कर अपवंचन और फर्जी फर्मों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई सामने आई है, जहां फर्जी फर्म बनाकर करोड़ों के इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) का खेल करने वाले एक आरोपी को पुलिस और राज्य कर विभाग की संयुक्त टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। मुख्यमंत्री के सख्त निर्देशों के बाद गठित SIT टीम की इस कार्रवाई को बड़ी सफलता माना जा रहा है।

मामला राबर्ट्सगंज कोतवाली में दर्ज मुकदमा संख्या 29/2026 से जुड़ा है, जिसमें वांछित अभियुक्त आसिफ अली को गिरफ्तार किया गया है। जांच में सामने आया कि आरोपी ने अलग-अलग फर्मों के माध्यम से विभिन्न वित्तीय वर्षों में करीब 70 लाख रुपये का बोगस इनपुट टैक्स क्रेडिट रिवर्सल अपने रिटर्न में दर्शाया। आरोपी के पास किसी भी वास्तविक खरीद-बिक्री से जुड़े दस्तावेज जैसे टैक्स इनवॉइस, ई-वे बिल या बिल्टी उपलब्ध नहीं थे, इसके बावजूद फर्जी कागजात तैयार कर ITC पास ऑन किया जा रहा था, जिससे सीधे तौर पर सरकारी राजस्व को नुकसान पहुंचाया जा रहा था।

पुलिस के अनुसार, आरोपी M/S D.K. Associates के नाम से फर्म संचालित कर रहा था, जिसमें GST रजिस्ट्रेशन तो कराया गया, लेकिन सरकार को टैक्स जमा नहीं किया गया। 2 अप्रैल 2026 को डाला क्षेत्र में वैष्णो देवी मंदिर के पास SIT टीम ने तकनीकी विश्लेषण और डेटा मॉनिटरिंग के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के दौरान उसके कब्जे से दो मोबाइल फोन, फर्जी दस्तावेजों से भरी फाइल, एक मारुति XL6 कार और 26,450 रुपये नगद बरामद किए गए।

इस पूरे मामले में पुलिस और राज्य कर विभाग संयुक्त रूप से जांच कर रहे हैं। अधिकारियों का मानना है कि यह सिर्फ एक आरोपी का मामला नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक बड़ा फर्जीवाड़ा नेटवर्क भी सक्रिय हो सकता है, जिसकी परतें आने वाले दिनों में खुल सकती हैं।

इस संबंध में अपर पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार ने कोतवाली में प्रेस वार्ता कर पूरे मामले की जानकारी दी और बताया कि जांच को और गहराई से आगे बढ़ाया जा रहा है, ताकि इस तरह के कर अपवंचन में शामिल सभी लोगों को चिन्हित कर सख्त कार्रवाई की जा सके।

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