गिरीश तिवारी /अरविन्द दुबे
सोनभद्र। भारतीय जनता पार्टी द्वारा आयोजित भव्य अहिल्याबाई होल्कर त्रिशताब्दी स्मृति समारोह में प्रदेश सरकार में स्वतंत्र प्रभार राज्य मंत्री रविन्द्र जायसवाल ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला। अगर अखिलेश यादव और राहुल गांधी में राष्ट्रभक्ति है, तो मंच पर आकर माता अहिल्याबाई होल्कर को ‘महान’ कहें। है उनमें इतनी हिम्मत? उन्होंने कहा कि भाजपा महाराणा प्रताप, छत्रपति शिवाजी और अहिल्याबाई होल्कर जैसी महान विभूतियों को राष्ट्रनायक मानती है, जबकि विपक्षी पार्टियों के लिए औरंगजेब, बाबर और मोहम्मद गाजी जैसे आक्रांता आदर्श बनते जा रहे हैं।

कांग्रेस, सपा और बसपा जैसे दल आक्रांताओं के अनुयायी बन चुके हैं। ये लोग उन लोगों का महिमामंडन करते हैं जिन्होंने भारत की संस्कृति और अस्मिता को कुचला। कार्यक्रम में उन्होंने जोर देकर कहा कि भाजपा ही एकमात्र पार्टी है जो हर मंच से ‘भारत माता की जय’ और ‘वंदे मातरम्’ का उद्घोष करती है। पार्टी राष्ट्र निर्माण को सर्वोपरि मानती है और चरित्र आधारित राजनीति में विश्वास रखती है। जो भी भाजपा में चरित्रहीनता में लिप्त पाया जाएगा, वह संगठन से बाहर होगा, यही हमारी नीति है।

मिशन सिंदूर’ से जुड़े सवालों पर रविन्द्र जायसवाल ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को ‘नादान’ बताते हुए कहा कि उन्हें न तो भारतीय संस्कृति की समझ है और न ही इतिहास का बोध। इस कार्यक्रम में विधान परिषद सदस्य श्यामनारायण सिंह उर्फ विनीत सिंह विशिष्ट अतिथि और संयोजक के रूप में मौजूद रहे। आयोजन स्थल पर ‘भारत माता की जय’ और ‘अहिल्याबाई होल्कर अमर रहें’ के नारों से माहौल गूंज उठा। कार्यक्रम के अंत में माता अहिल्याबाई होल्कर की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। आयोजन में स्थानीय लोगों की भारी भागीदारी देखने को मिली, जिससे यह स्पष्ट हो गया कि भारत की असली पहचान अब जन-जन की आवाज बनती जा रही है।

Author Profile

Latest entries
सम्पादकीयMay 14, 2026एसपी सोनभद्र व एसओ रायपुर 19 मई को हाईकोर्ट में तलब, पुलिस हस्तक्षेप पर मांगा जवाब
सम्पादकीयMay 13, 2026आंधी-तूफान का तांडव, दिन में छाया अंधेरा, कई इलाकों में जनजीवन अस्त-व्यस्त
Breaking_NewsMay 13, 2026पुलिस का गैंगेस्टरों पर बड़ा प्रहार, तीन थाना क्षेत्रों से 6 वांछित अभियुक्त गिरफ्तार
सम्पादकीयMay 13, 2026कबाड़ के गोदाम में भीषण आग से मचा हड़कंप, आबादी तक पहुंचीं लपटें
