दुद्धी/सोनभद्र (रवि सिंह, गिरीश तिवारी)-प्रदेश की और जनपद की सबसे आखिरी तहसील दुद्धी में काम करने के लिए संवेदनशीलता बहुत ही आवश्यक है, यहां रहने वाले अधिकारी और कर्मचारी संवेदनशील रहेंगे तो बहुत सारी समस्याओं का समाधान हो जाएगा। उक्त बातें अपरआयुक्त विंध्याचल मंडल डॉ विश्राम ने शुक्रवार को एक औद्योगिक संस्थान द्वारा पिपरी एसडीएम कोर्ट परिसर में वादकारियों के लिए बने भवन और लाइब्रेरी के उद्घाटन के दौरान कही। उन्होंने यह भी कहा कि दुद्धी क्षेत्र में यदि बहुत संपन्न लोग हैं तो यहां बहुत गरीब भी निवास करते है।

कहा कि इन सब चीजों को देखते हुए यहां काम करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि अफसर शाही छोड़कर हम सबको लोगों के हित का काम करना होगा। उन्होंने कहा कि उनके लिए दुद्धी क्षेत्र दूर भले है, लेकिन उनके हृदय में है। कहा कि उन्होंने एसडीएम रहते अनपरा को नगर पंचायत बनाने कुलडोमरी को ब्लॉक बनाने के लिए रिपोर्ट भेजी थी।

इसके साथ ही दुद्धी की भौगोलिक स्थिति को देखते हुए जिला बनाने के लिए भी रिपोर्ट शासन स्तर पर जिलाधिकारी के माध्यम से भेजी गई थी। उपजिलाधिकारी दुद्धी निखिल यादव ने कहा कि 50 साल पुराने इतिहास को जीवंत रखने के लिए पिपरी में एसडीएम कोर्ट जरूरी है। कहा जो लोग दुद्धी नहीं पहुंच पाते उनको यहां तक पहुंच कर भी मदद मिल जाए तो बहुत बड़ी बात है। कहा कि आने वाले दिन में उपजिलाधिकारी कोर्ट का भी जीर्णोद्धार करा दिया जाएगा। सहायक श्रमायुक्त विजय प्रताप यादव ने पिछड़े क्षेत्र में अधिवक्ताओं द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना की।

कार्यक्रम के पूर्व अतिथियों ने वादकारी भवन और पुस्तकालय का फीता काटकर और शिलापट्ट का अनावरण कर भवन का उद्घाटन किया। कार्यक्रम के दौरान अधिवक्ता नंदलाल अग्रहरी, नागेंद्र जायसवाल, ज्ञानी प्रसाद, अंजनी यादव, चेयरमैन प्रतिनिधि शत्रुघ्न सिंह, आशीष शाही, प्रमोद जायसवाल, पारस गुप्ता समेत बड़ी संख्या में अधिवक्ता एवं अन्य लोग मौजूद रहे।
Author Profile

Latest entries
सम्पादकीयFebruary 13, 2026लोहरा पावरहाउस के पास ट्रेलर में कार की टक्कर, युवक घायल
सम्पादकीयFebruary 13, 2026झंडा लगाते समय हाईटेंशन लाइन की चपेट में आया युवक, वाराणसी रेफर
सम्पादकीयFebruary 13, 2026बाईक के धक्के से घायल बुर्जुग की बेहतर ईलाज के लिए ले जाते समय रास्ते में मौत
सम्पादकीयFebruary 13, 2026नाबालिक बेटी से दुष्कर्म करने वाले पिता को आजीवन कारावास